कस्बे में ड़ेंगू किट व दवाओं की कोई कमी नही है:डॉ0 राणा प्रताप

 


मरीजो की हो रही जांच, 80 प्रतिशत ड़ेंगू व टाइफाइड मरीज स्वस्थ

हरपालपुर हरदोई, क्षेत्र में गंदगी व जल भराव की समस्याओं के चलते संक्रामक रोगों से लोग जूझने को विवश हैं। हालांकि सीएचसी पर ओपीडी के मरीजों की प्रतिदिन जांच व उनके इलाज की व्यवस्थाएं पूरी तरह मुकम्मल है।अब तक तमाम मरीज गैर जनपदों व निजी चिकित्सको के यहां इलाज के लिए भर्ती हैं। सीएचसी हरपालपुर में डेंगू व मलेरिया किट के साथ साथ बुखार की सभी दवाईयां मौजूद हैं। तथा मच्छर जनित इलाको में दवा का छिड़काव कराने के साथ साथ चिकित्सा टीम लगातार कार्य कर रही है। क्षेत्र में बुखार से आम जनजीवन अस्त व्यस्त है गांवो से लेकर कस्बे में बुखार की त्रासदी से लोग हाल बेहाल है। सीएचसी पर प्रतिदिन एक से दो सैकड़ा मरीज ओपीडी में दवाएं लेने आ रहे हैं। हालांकि यहां बुखार की अब तक हुयी जांच में सर्वाधिक ड़ेंगू मरीज मिल रहे है। एनएस वन ड़ेंगू पॉजिटिव मरीजों की बढ़ती संख्या के चलते चिकित्साधीक्षक डॉक्टर राणा प्रताप सिंह ने क्षेत्र के मच्छर जनित इलाकों में एंटी लार्वा दवाओं का छिड़काव कराया तथा सम्भावित गांव में भी चिकित्सा टीम भेजकर मरीजों के घरों के आसपास साफ सफाई व जलभराव न होने देने को कहा है। यहां प्रतिदिन हो रही जांचों में दस प्रतिशत मरीजो में ड़ेंगू व टाइफाइड की पुष्टि हो रही है। हालांकि सीएचसी पर ड़ेंगू वार्ड को स्थापित कर मरीजों को इलाज दिया जा रहा है। सीएचसी हरपालपुर में तैनात चिकित्साधीक्षक डॉक्टर राणा प्रताप ने बताया कि सीएचसी पर आने बाले मरीजों की प्रॉपर जांचे हो रही हैं। अस्पताल में 25 डेंगू किट मौजूद थी तथा  लगभग 150 किटें जिला मुख्यालय से और प्राप्त हो गयी है। उन्होंने बताया कि मरीजों की जांच व दवाओं के साथ साथ वेहतर इलाज की व्यवस्था हो रही है। जिसके परिणाम स्वरूप अब तक सीएचसी पर आने बाले मरीजों में 80 प्रतिशत मरीज रिकवर होकर अपने अपने घरों पर स्वास्थ्य लाभ ले रहे है। सीएचसी पर बुखार से सम्बंधित दवाओं की कोई कमी नही है। साथ ही जिस क्षेत्र में रोगियों की जानकारी सीएचसी पर मिल रही है वहां तत्काल चिकित्सा टीम भेजकर मरीजों की जांच कराई जा रही है साथ ही उन्हें टीम द्वारा वेहतर इलाज की व्यवस्था उपलब्ध कराई जा रही है।

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