लखीमपुर-खीरी:छेदुइ पतिया के रास्ते देख रहें हैं निघासन विकास खंड के विकास की राह



निघासन खीरी
,जहां एक तरफ मौजूदा सरकार सफाई व गड्ढे मुक्त रास्तों की बात करती है वहीं दूसरी तरफ जमीनी हकीकत कुछ और ही है। मामला विकासखंड निघासन के अंतर्गत आने वाले गांव छेदुइ पतिया का है, जहां सरकार एक तरफ सफाई अभियान के अंतर्गत लाखों रुपए खर्च कर रही है वहीं दूसरी तरफ रास्ते का बुरा हाल हुआ है रास्तों की स्थित लगातार दयनीय बनी हुई है, जिससे राहगीरों का निकलना भी दूभर हो चुका है। रास्ते की मौजूदा स्थिति देखते हुए गड्ढा मुक्त सड़कों का स्लोगन नाकाम साबित हो रहा है। जहां एक तरफ सभी लोग कोरोना की महामारी से जूझ रहे हैं वहीं दूसरी तरफ डेंगू मलेरिया जैसी बीमारियों ने अपने पैर पसारने शुरू कर दिए हैं। रास्ते में लगातार जलभराव के चलते मलेरिया जैसी बीमारी को फैलाने वाले लारवा उत्पन्न हो रहे हैं जिससे कि गांव में रहने वाले ग्रामीणों के लिए निरंतर खतरा बढ़ता जा रहा है। वहीं ग्रामीणों ने रास्ते की दुर्दशा को लेकर बताया कि, कई बार शिकायत करने के बाद भी रास्ते की स्थिति दयनीय बनी हुई है।
 अब देखना यह है कि स्वच्छ भारत का सपना कहीं सपना बनकर ही न राह जाए।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

Sitapur Breaking News :पत्नी से़ छुब्ध होकर युवक ने लगाई फांसी।

उत्तर प्रदेश में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन नंबर प्लेट की अनिवार्यता पर रोक

यूपी में बैंक के समय में हुआ बड़ा बदलाव